News

शराबबंदी अभियान में जनसहयोग है आवश्यक: रवि कुमार

भागलपुर बिहार

नवगछिया। बिहार में शराबबंदी के बाबजूद आये दिन शराब का अवैध धंधा और जहरीली शराब पीने से मौत की खबर मीडिया में आ रही है। इस मसले पर नवगछिया जदयू के मुख्य प्रवक्ता रवि कुमार ने कहा कि बिहार में अवैध रूप से बिक रही शराब पीकर लोग जान गंवा रहे हैं। शराब पीने और बेचने वाले समाज के लिए खतरा है. ऐसे लोगों की सूचना मुख्यालय के टोल फ्री नंबर 15545 पर करनी चाहिए। शिकायतकर्ता की पहचान गुप्त रखी जाएगी और 24 घंटे के अंदर निश्चित रूप से कारवाई होगी। किसी भी समाजिक परिवर्तन में सरकार के द्वारा किए जा रहे प्रयास के साथ जनसहयोग भी आवश्यक है। शराब से ना सिर्फ स्वास्थ्य को नुकसान है बल्कि परिवार, समाज, राज्य और राष्ट्र को भी नुकसान है। शराब दर्जनों बीमारियों और अपराधों की जड़ है।
शराब के बारे में महात्मा गांधी ने कहा था कि शराब आत्मा और शरीर दोनों का नाश करती है। तिलक ने कहा था कि शराब पीने और पिलाने वाली सरकार का हमें बहिष्कार करना चाहिए। नीतीश कुमार ने स्वच्छ समाज की स्थापना के लिए शराबबंदी अभियान की शुरुआत की है, जनता को सहयोग और समर्थन करना चाहिए। शराब पीने, बेचने और शराबबंदी का विरोध करने वाले लोगों का सामाजिक बहिष्कार होना चाहिए। विमहेंस नामक संस्था के अध्ययन के अनुसार सरकार को शराब बिक्री से यदि सौ रुपए की आमदनी होती है तो शराब से उत्पन्न बिमारियों और अपराधों को रोकने में सरकार को लगभग एक सौ चौबीस रूपए खर्च करने पड़ते हैं।
रवि कुमार ने विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि ऐसी परिस्थिति में शराबबंदी से राजस्व घाटे की बात करना अज्ञानता है। राजनीतिक फायदे के लिए शराबबंदी का विरोध करना नैतिकता का पतन है। शराबबंदी के कारण आज बिहार में घरेलू हिंसा, सड़क दुघर्टना, चौक-चौराहे पर नशेड़ी के आतंक से समाज को राहत मिली है। शराब से परेशान परिवार में खुशहाली और कामगारों-मजदूरों को शराब के लत से मुक्ति बड़ी उपलब्धि है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button